Question
Easy
भक्तिकाल की निर्गुण काव्यधारा के विषय में असंगत कथन को छाँटिए -
1
भारत में निर्गुण भक्ति का अजस्र प्रवाह पहले-पहल हिन्दी प्रदेश में ही देखा गया।
2
फ़ारसी काव्य में 13वीं शताब्दी के पश्चात् रहस्यवाद का प्रवेश होता है।
3
सूफी काव्य का रहस्यवाद प्रगतिशील है; जिसमें ईश्वर के समकक्ष हर जीव को बराबर समझा गया है।
4
निर्गुण काव्यधारा का विभाजन संत काव्यधारा व सूफी काव्यधारा डॉ० रामकुमार वर्मा द्वारा किया गया।
Question Details
Time to Solve: 12
Exam: HTET
Level/Paper: Level 2
Chapter: आचार्य आचार्य रामचंद्र शुक्ल
Topic: हिंदी साहित्य का इतिहास
Correct Answer
Option B
Explanation
भक्तिकाल की निर्गुण काव्यधारा के विषय में असंगत कथन को छाँटने के लिए हमें दिए गए विकल्पों का विश्लेषण करना होगा। सही उत्तर विकल्प 2 है। आइए इसे विस्तार से समझते हैं: 1. विकल्प 1: "भारत में निर्गुण भक्ति का अजस्र प्रवाह पहले-पहल हिन्दी प्रदेश में ही देखा गया।" - यह कथन सही है क्योंकि निर्गुण भक्ति का उदय मुख्यतः हिन्दी प्रदेश में संत कवियों जैसे कबीर, रैदास आदि के…Read More
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