Question
Easy
अलंकार के संबंध में असंगत युग्म चुनिए :
1
"निरखत संतन के सीतल करत नैन।
रामचंद्र जु को मुख चंद्र सो लसतु है।" - उपमा अलंकार
2
"बीती विभावरी जाग री।
अम्बर-पनघट में डुबा रही, तारा-घट
उषा नागरी।" - रूपक अलंकार
3
अजरामरता अयोध्या नगरी किसे प्रिय नहीं लगती। - यमक अलंकार
4
"लाखन ओट करो किन घूँघट।
चंचल नैन छिपै न छिपाये।।" - विभावना अलंकार
Question Details
Time to Solve: 12
Exam: HTET
Level/Paper: Level 2
Chapter: अलंकार
Topic: अर्थालंकार
Correct Answer
Option C
Explanation
प्रश्न में असंगत युग्म (गलत मिलान) का चयन करना है, जिसका अर्थ है कि हमें वह विकल्प चुनना है जहाँ दिए गए उदाहरण के साथ अलंकार का सही मिलान नहीं किया गया है। दिए गए विकल्पों का विश्लेषण: विकल्प 1: "निरखत संतन के सीतल करत नैन। रामचंद्र जु को मुख चंद्र सो लसतु है।" - उपमा अलंकार * विश्लेषण: इस पंक्ति में भगवान रामचंद्र के मुख (उपमेय) की तुलना चंद्रमा…Read More
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