Question
Easy

अधोलिखितेषु किं सफलसम्भाषणगतिविधेः लक्षणं स्यात् ?

1
बालानां सहभागे विषमता ।
2
सः गतिविधिः येन बालानां कृते वार्तालापं कर्तुम् अवसरः लभ्येत ।
3
केवलं लक्ष्यभाषायां वार्तालापं कर्तुं छात्रेभ्यः अवसरः दीयेत ।
4
कक्षायाः प्रबन्धने प्रभावं स्थापयितुं ध्यानाकर्षणशीलछात्रेभ्यः अधिकं वार्तालापं कर्तुम् अनुमतिः दीयेत ।
Question Details
Time to Solve: 12
Exam: CTET
Level/Paper: CTET_P2
Chapter: Pedagogy of Sanskrit
Topic: Approaches & Evaluation in Sanskrit Teaching
Correct Answer
Option B
Explanation

Option 2 सही उत्तर है क्योंकि यह सफल संवाद गतिविधियों की विशेषता को स्पष्ट रूप से दर्शाता है। इस विकल्प में कहा गया है कि यह गतिविधि बच्चों के लिए संवाद करने का अवसर प्रदान करती है। सफल संवाद गतिविधियों का मुख्य उद्देश्य बच्चों को बातचीत करने, विचारों का आदान-प्रदान करने और संवाद कौशल विकसित करने का अवसर देना है। अब अन्य विकल्पों की गलतियों पर ध्यान दें: 1. **बालानां…Read More

Similar Questions from REET Exam - Paper 1 - Year 2018
Question 1
Easy

Source :

Pedagogy of Sanskrit
छात्रान् उत्कृष्टपाठकान् कर्तुं शब्दकोषीयविकासः महत्त्वपूर्ण घटकम् अस्ति । तदर्थम् अधोलिखितेषु किं प्रभावकारिपद्धतिः स्यात् ?
Chapter :
Pedagogy of Sanskrit
Topic :
Approaches & Evaluation in Sanskrit Teaching
Question 2
Easy

Source :

Pedagogy of Sanskrit
बालस्य जीवनस्य विषये महत्त्वपूर्णघटनानां विषये शिक्षकः अवलोकनं करोति तेषामुपरि वर्णनात्मकम् अभिलेखनं च करोति । किं तत् कथ्यते ?
Chapter :
Pedagogy of Sanskrit
Topic :
Approaches & Evaluation in Sanskrit Teaching
Question 3
Easy

Source :

Pedagogy of Sanskrit
वायगोत्स्की – महोदयानुसारं _____ भाषायाः अधिगमार्थं सर्वतो महत्त्वपूर्ण घटकम् ।
Chapter :
Pedagogy of Sanskrit
Topic :
Approaches & Evaluation in Sanskrit Teaching
Question 4
Easy

Source :

Pedagogy of Sanskrit
सम्भाषणकौशलस्य अभ्यासार्थम् अधोलिखितेषु किं सर्वाधिकम् उपकारकं भवति ?
Chapter :
Pedagogy of Sanskrit
Topic :
Approaches & Evaluation in Sanskrit Teaching