निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्न के सही/सर्वाधिक उपयुक्त विकल्प का चयन कीजिए । अध्यात्म भी मन का राजा होने का मार्ग खोलता है । अपने मन का राजा होना मतलब मन पर स्वयं का अंकुश रखना । उसकी चाल का निर्धारण करना, अपना लक्ष्य बनाना, लक्ष्य प्राप्त करने के लिए प्रयत्न करना । अध्यात्म आपको अपने मन का राजा बनने की ओर ले जाता है । यह स्थिति आपको विकारों से दूर रखती है, वैचारिक सुंदरता का वरदान देती है और बुराई के समक्ष कमजोर होने से बचाती है । प्रकृति से उपहार में जो जीवन मिला है, उसके मूल्य को समझना चाहिए और उस क्षेत्र का राजा बनने के मार्ग पर चलना चाहिए, जिस पर मानवता का विस्तार हो । राजा बनिए लेकिन शुद्ध विचारों, अच्छे कर्मों और मानवीय संवेदना का राजा बनिए। अन्याय, अधर्म आदि के भय से भयभीत न हों और एक ऐसी सत्ता बनाएँ, जिसमें समानता हो । जो स्वयं में राजा होकर समानता का मार्ग प्रशस्त करता है, वह अध्यात्म के क्षेत्र का भी राजा बन जाता है । गद्यांश के अनुसार मनुष्य जीवन में __ का बहुत महत्व है।
गद्यांश के अनुसार मनुष्य जीवन में "लक्ष्य" का बहुत महत्व है। गद्यांश में यह स्पष्ट रूप से बताया गया है कि अध्यात्म मनुष्य को अपने मन का राजा बनने की ओर ले जाता है, जिसका अर्थ है कि व्यक्ति को अपने मन पर नियंत्रण रखना चाहिए और अपने जीवन का लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए। लक्ष्य बनाना और उसे प्राप्त करने के लिए प्रयत्न करना, यह प्रक्रिया मनुष्य को विकारों से…Read More
Source :
Source :
Source :
Source :