यहाँ एक पाठ्य सामग्री या कुछ कथन हैं। पता लगाइए कि यह पाठ्य सामग्री किस भाषा प्रयुक्ति (रजिस्टर) का प्रतिनिधित्व कर रही है ? 'भारत का संविधान प्रत्येक व्यक्ति को समान रूप से देखता है। इसका तात्पर्य यह हुआ कि देश में प्रत्येक व्यक्ति, महिला और पुरुष, सभी धर्मों, जातियों, आदिवासी, शैक्षिक और आर्थिक प्रष्ठभूमि के, सभी को समान रूप से देखना। इसका तात्पर्य यह नहीं है कि असमानता समाप्त हो चुकी है। असमानता नहीं होनी चाहिए। कम से कम लोकतांत्रिक भारत में सभी व्यक्तियों की समानता का सिद्धान्त मायने रखता है।'
यह पाठ्य सामग्री सामाजिक विज्ञान प्रयुक्ति का प्रतिनिधित्व करती है, और इसे समझने के लिए निम्नलिखित कारण दिए जा सकते हैं: 1. सामाजिक समानता पर जोर: पाठ्य सामग्री में सामाजिक समानता और असमानता के मुद्दों पर चर्चा की गई है। यह सामाजिक विज्ञान का एक प्रमुख विषय है, जो समाज में विभिन्न समूहों के बीच समानता और असमानता की जांच करता है। 2. लोकतांत्रिक सिद्धांत: पाठ्य सामग्री में लोकतांत्रिक भारत…Read More
Source :
Source :
Source :
Source :