निम्नलिखित पद्यांश के आधार पर प्रश्न के उत्तर दीजिए:
डार द्रुम पलना, बिछौना नव पल्लव के, सुमन झिंगुला सोहै तन छबि भारी दै ।। पवन झुलावै, केकी-कीर बतरावै 'देव', कोकिल हुलावै-हुलसावै कर तारी दै ।। पूरित पराग सों उतारो करै राई नोन । कंजकली नायिका लता न सिर सारी दै ।। मदन महीप जू को बालक बसंत ताहि, प्रातहि जगावत गुलाब चटकारी दै ।।
कवि के अनुसार वसंत का परिवर्तन दिखाई देता है -
कवि के अनुसार वसंत का परिवर्तन तन-मन और वन पर दिखाई देता है, जो कि विकल्प 1 को सही ठहराता है। पद्यांश में वसंत के आगमन के साथ प्रकृति में होने वाले परिवर्तनों का वर्णन किया गया है। 1. तन-मन और वन पर (विकल्प 1): - पद्यांश में "डार द्रुम पलना, बिछौना नव पल्लव के" और "सुमन झिंगुला सोहै तन छबि भारी दै" जैसे वाक्यांशों से स्पष्ट होता है कि…Read More
Source :
Source :
Source :
Source :